सोनभद्र संवाददाता
बीजपुर (सोनभद्र): सोनभद्र के बीजपुर थाना प्रभारी श्री नरेंद्र कुमार सिंह के नेतृत्व में रिंहदनगर एनटीपीसी परिसर स्थित डीएवी पब्लिक स्कूल में साइबर सुरक्षा एवं बालिका सशक्तिकरण अभियान के तहत विद्यार्थियों को महत्वपूर्ण प्रशिक्षण दिया गया। थानाध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि महिला सशक्तिकरण के दौर में साइबर सुरक्षा उतनी ही आवश्यक है, जितना कि उनका सामाजिक और आर्थिक उत्थान।
मिशन शक्ति और सरकारी योजनाएं
कार्यक्रम की शुरुआत में एनसीसी कैडेट्स सूर्य प्रताप सिंह, आदित्य चौधरी, अदालत पाल, और प्रशांत शाही ने थानाध्यक्ष को सलामी दी, जिसके बाद प्राचार्य श्री राजकुमार ने पुष्प गुच्छ भेंट कर उनका स्वागत किया।
थानाध्यक्ष नरेंद्र कुमार सिंह ने अपने उद्बोधन में बताया कि “सशक्त नारी समृद्ध प्रदेश” के तहत मिशन शक्ति फेज-5 जारी है। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार द्वारा महिलाओं के उत्थान और बेहतरी के लिए चलाई जा रही कई महत्वपूर्ण योजनाओं की जानकारी दी, जिनमें:
* वृद्धा पेंशन योजना
* मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना
* मुद्रा योजना
* उज्ज्वला योजना
* बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ
संकटमोचक हेल्पलाइन नंबर और जागरूकता

थानाध्यक्ष ने महिलाओं और बालिकाओं के लिए सरकार द्वारा जारी हेल्पलाइन नंबरों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि संकट के समय इन नंबरों के माध्यम से तत्काल सहायता प्राप्त की जा सकती है:
* 1090 (वूमेन पावर लाइन)
* 181 (वीमेन हेल्पलाइन)
* 102, 112, 101, 108, 1098
* मुख्यमंत्री हेल्पलाइन नंबर 1076
उन्होंने बालकों को भी अनुशासन में रहने और अपनी बहनों की सुरक्षा का विशेष ख्याल रखने हेतु जागरूक किया।
साइबर ठगी और डिजिटल अरेस्ट से बचाव
थानाध्यक्ष ने साइबर अपराधों की बढ़ती घटनाओं पर विशेष रूप से बात की। उन्होंने चेतावनी दी कि साइबर ठग एआई (AI) की मदद से विशेष रूप से महिलाओं को अपना शिकार बना रहे हैं। उन्होंने ‘डिजिटल अरेस्ट’ जैसे नए साइबर ठगी के तरीकों की चर्चा की।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने भी साइबर ठगी और डिजिटल अरेस्ट जैसी घटनाओं के प्रति चिंता जताई है, और इससे सावधान रहने तथा साहस से उसका सामना करने को कहा है। उन्होंने छात्रों को साइबर अपराध की जानकारी 1930 हेल्पलाइन नंबर पर शीघ्र साझा करने की अपील की।
बाद में, दीवान उमावती ने भी बालिकाओं को सुरक्षा से संबंधित विभिन्न जानकारियाँ दीं और कहा कि पुलिस हमेशा उनके साथ खड़ी है। उन्होंने बालिकाओं को अपनी सुरक्षा के लिए खुद भी तत्पर रहने, साहसी बनने और जूडो-कराटे जैसे प्रशिक्षण लेने के लिए प्रोत्साहित किया।
इस अवसर पर दीवान हरिश्चंद्र, शिक्षिका रंजना सिंह, सौरभ कुमार, सोनी कुमारी, सर्वेश श्रीवास्तव, हर्ष द्विवेदी, हरिश्चंद्र वर्मा, नीरज गुप्ता के साथ पूरा विद्यालय परिवार उपस्थित रहा। अंत में डा. आर के झा ने धन्यवाद ज्ञापित किया।
