तीन दिवसीय अभियान के तीसरे दिन मदर आरडी कॉलेज धनौली में मलपुरा पुलिस ने विद्यार्थियों को किया जागरूक
अग्र भारत संवाददाता
आगरा। जनपद के थाना मलपुरा क्षेत्र स्थित मदर आरडी कॉलेज धनौली में शनिवार को नए आपराधिक कानूनों के द्वितीय चरण के प्रति जन-जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम महिला सशक्तिकरण और सुरक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से चल रहे मिशन शक्ति 5.0 अभियान के अंतर्गत आयोजित हुआ।
कार्यक्रम में पुलिस उपायुक्त पश्चिमी अतुल शर्मा और सहायक पुलिस आयुक्त सैया सुकन्या शर्मा की मौजूदगी रही। उनके निर्देशन में थाना मलपुरा की मिशन शक्ति टीम एवं एंटी रोमियो टीम ने कार्यक्रम का संचालन किया।पुलिस अधिकारियों ने छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और उपस्थित जनों को नए आपराधिक कानूनों, महिला और बाल संरक्षण, तकनीकी सशक्तिकरण तथा पीड़ित केंद्रित न्याय प्रणाली से जुड़ी विस्तृत जानकारी दी। क्षेत्राधिकारी सुकन्या शर्मा ने बताया कि नए कानूनों में न्याय प्रक्रिया को समयबद्ध बनाने, महिला और बच्चों से जुड़े अपराधों में त्वरित कार्रवाई तथा पीड़ितों की गोपनीयता की सुरक्षा के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं। अब कोई भी व्यक्ति किसी भी थाने में प्राथमिकी दर्ज करा सकता है, साथ ही छोटे अपराधों जैसे मोबाइल या वाहन चोरी की रिपोर्ट घर बैठे ऑनलाइन दर्ज की जा सकती है।अधिकारियों ने बताया कि भारतीय न्याय संहिता, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता और भारतीय साक्ष्य अधिनियम, 2023 के माध्यम से अपराधों की जांच और सुनवाई की प्रक्रिया को पारदर्शी एवं तकनीकी रूप से सशक्त बनाया गया है। जांच के दौरान फोरेंसिक साक्ष्य, सीसीटीवी फुटेज, कॉल विवरण और डीएनए रिपोर्ट जैसे तकनीकी प्रमाणों को कानूनी रूप से अधिक महत्व दिया गया है।कार्यक्रम के दौरान महिलाओं और छात्राओं को घरेलू हिंसा, दहेज प्रतिषेध, कार्यस्थल पर लैंगिक उत्पीड़न, बाल विवाह प्रतिषेध तथा बच्चों के विरुद्ध अपराधों से संबंधित कानूनों की जानकारी दी गई। छात्राओं को अच्छे और बुरे स्पर्श के विषय में भी जानकारी प्रदान की गई।इसके अलावा महिलाओं को विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों — महिला शक्ति हेल्पलाइन 1090, पुलिस आपातकालीन सेवा 112, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076, बाल हेल्पलाइन 1098, वन स्टॉप सेंटर 181, साइबर हेल्पलाइन 1930, स्वास्थ्य सेवा 102, एम्बुलेंस सेवा 108 तथा जनसुनवाई पोर्टल के बारे में जागरूक किया गया।वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा कि ‘ न्याय अब केवल एक प्रक्रिया नहीं, बल्कि सेवा है, जो पीड़ित के अधिकारों को केंद्र में रखकर संचालित होगी। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं, शिक्षकों, समाजसेवियों और पुलिस अधिकारियों ने भाग लिया और न्याय, सुरक्षा तथा जागरूकता के प्रति सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प लिया।थाना मलपुरा पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार मिश्र, उपनिरीक्षक इजहार अहमद, उपनिरीक्षक सौरभ कुमार, उपनिरीक्षक अनिल कुमार शर्मा, महिला उपनिरीक्षक सलोनी चौहान एवं महिला आरक्षी गीता शामिल रहीं।
