जैथरा,एटा। नगर पंचायत जैथरा में विकास के बड़े-बड़े दावों की हल्की बरसात में कलई खुल गई है। थाने के सामने पालीवाल मार्केट में बीते कई दिनों से बरसाती पानी भरा हुआ है। नाला सफाई के नाम पर लाखों रुपये खर्च होने के बावजूद हल्की बरसात ने ही नगर पंचायत की पोल खोल दी है। हालात यह हैं कि प्रमुख बाजार क्षेत्र जलभराव की चपेट में है और जिम्मेदार अधिकारी मूकदर्शक बने हुए हैं।
पालीवाल मार्केट में बनी एक दर्जन से अधिक दुकानों के सामने गंदा पानी भरा है। जिससे व्यापार ठप हो गया है। ग्राहक पानी और कीचड़ से होकर दुकानों पर आने से कतरा रहे हैं। दुकानदारों का कहना है कि बरसात के साथ ही हर साल यही स्थिति बनती है। नालों की सफाई सिर्फ कागजों में होती है, जबकि जमीन पर नाले पहले से ही जाम रहते हैं।
व्यापारियों का कहना है कि यदि यह हाल बाजार का है, तो नगर के मोहल्लों की स्थिति का अंदाजा आसानी से लगाया जा सकता है। नगर पंचायत द्वारा विकास के नाम पर किए जा रहे दावों की सच्चाई बरसाती पानी में डूबती नजर आ रही है। लाखों रुपये खर्च होने के बाद भी जलनिकासी की व्यवस्था न होना सीधे तौर पर लापरवाही और संभावित भ्रष्टाचार की ओर इशारा करता है।
मार्केट के व्यापारी देव सिंह मिस्त्री ने कहा, मेरी दुकान के सामने तीन चार दिनों से पानी भरा है। ग्राहक आ नहीं रहे, नुकसान अलग से हो रहा है। कई बार शिकायत की, लेकिन आज तक कोई देखने नहीं आया कि समस्या क्या है?
वहीं एक अन्य दुकानदार अशोक मिश्रा का कहना है, दुकानों के सामने पानी भरा हुआ है । ग्राहकों को आने जाने में परेशानी होती है जिससे ग्राहक दुकान पर आने से कतरा रहे हैं। दुकानदारी प्रभावित हुई है। नगर पंचायत प्रशासन को समस्या का संज्ञान लेते हुए जल्द निराकरण कराया जाना चाहिए।
फिलहाल पालीवाल मार्केट के दुकानदार जलभराव से जूझ रहे हैं और नगर पंचायत की उदासीनता से नाराज हैं। विकास के नाम पर किए जा रहे खोखले दावों के बीच पालीवाल मार्केट में भरा बरसाती पानी नगर पंचायत जैथरा के विकास मॉडल पर बड़ा सवाल बनकर खड़ा है।
