शाहकुली क्षेत्र में एएसआई की शिकायत पर कार्रवाई, एफआईआर की तैयारी; अवैध निर्माणों पर नियंत्रण को लेकर फिर उठे सवाल
अग्र भारत संवाददाता ,आगरा। विश्व धरोहर नगरी फतेहपुर सीकरी के प्रतिबंधित क्षेत्र में बांस की टटिया लगाकर कथित रूप से निर्माण कार्य किए जाने का मामला सामने आने पर प्रशासन और भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) सक्रिय हो गया। शाहकुली क्षेत्र में शाही हकीम हाउस के निकट चल रहे निर्माण की सूचना मिलने पर प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर कार्य रुकवा दिया, जबकि एएसआई ने संबंधित लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार निर्माण स्थल को बाहर से बांस की टटिया से ढंक दिया गया था, जिससे अंदर चल रही गतिविधियां आसानी से दिखाई न दें। सूचना मिलने पर प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों ने मौके का निरीक्षण कर निर्माण कार्य रुकवाया।उप जिलाधिकारी किरावली दिव्या सिंह ने बताया कि शिकायत प्राप्त होने के बाद फतेहपुर सीकरी पुलिस को मौके पर भेजा गया और निर्माण कार्य तत्काल बंद करा दिया गया। उन्होंने कहा कि भूमि की वास्तविक स्थिति स्पष्ट करने के लिए पैमाइश और जांच कराई जाएगी, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।एएसआई सर्किल कार्यालय से जुड़े अधिकारी दिलीप सिंह ने बताया कि विभाग की ओर से संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराने के लिए पुलिस को प्रार्थना पत्र दिया गया है। विभाग अपने स्तर पर भी मामले की जांच कर रहा है।गौरतलब है कि फतेहपुर सीकरी के प्रतिबंधित और विनियमित क्षेत्रों में निर्माण संबंधी विवाद पहले भी सामने आते रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई मामलों में मुकदमे दर्ज होने के बावजूद निर्माण कार्य बाद में पूरे हो गए, जिससे कार्रवाई की प्रभावशीलता पर सवाल उठते रहे हैं। ऐसे में शाहकुली का ताजा मामला एक बार फिर प्रतिबंधित क्षेत्रों में निगरानी और प्रवर्तन व्यवस्था को लेकर चर्चा का विषय बन गया है।अब देखना होगा कि इस मामले में जांच और कानूनी कार्रवाई किस मुकाम तक पहुंचती है और क्या यह कार्रवाई भविष्य में प्रतिबंधित क्षेत्र में होने वाले निर्माण प्रयासों पर प्रभावी रोक लगा पाती है।
