झाँसी उत्तर प्रदेश
सुल्तान आब्दी
70 लाख की रिश्वत कांड: CGST की डिप्टी कमिश्नर प्रभा भंडारी समेत 3 अफसर सस्पेंड, विभागीय जांच शुरू
झांसी में 70 लाख की रिश्वत लेने के मामले में सेंट्रल जीएसटी की डिप्टी कमिश्नर प्रभा भंडारी समेत तीन अफसरों पर बड़ी कार्रवाई हुई है। सीबीआई की गिरफ्तारी के बाद सीबीआईसी ने डिप्टी कमिश्नर प्रभा भंडारी को सस्पेंड कर दिया, जबकि कानपुर कमिश्नर रोशन लाल ने सुपरिटेंडेंट अनिल तिवारी और अजय शर्मा को निलंबित कर दिया। तीनों अधिकारियों के खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है।
झांसी में 70 लाख रुपये की रिश्वत लेने के आरोप में सेंट्रल जीएसटी की डिप्टी कमिश्नर (IRS) प्रभा भंडारी समेत तीन अफसरों को सस्पेंड कर दिया गया। डिप्टी कमिश्नर पर कार्रवाई केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड (CBIC) ने की, जबकि कानपुर कमिश्नरेट के कमिश्नर रोशन लाल ने सुपरिटेंडेंट अनिल तिवारी और अजय शर्मा को निलंबित कर दिया। तीनों अधिकारियों के खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है।
इन अफसरों ने जय दरग़ा हार्डवेयर और जय अम्बे प्लाइवुड पर छापेमारी की थी। आरोप है कि दोनों फर्मों के मालिकों पर लगभग 23 करोड़ रुपये टैक्स जमा कराने का दबाव था, लेकिन तीनों अफसर 1.5 करोड़ रुपये रिश्वत लेकर टैक्स की राशि घटाकर 50 लाख रुपये कराने की डील कर रहे थे।
सीबीआई ने 30 दिसंबर को 70 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए सुपरिटेंडेंट अनिल तिवारी और अजय शर्मा को रंगे हाथ गिरफ्तार किया था। उनके साथ दर्गा हार्डवेयर के मालिक राज मंगनानी और वकील नरेश को भी गिरफ्तार किया गया। बाद में दिल्ली से डिप्टी कमिश्नर प्रभा भंडारी को भी गिरफ्तार किया गया।
