आगरा । पिछले वर्ष एंथला कॉलोनी में अवैध वसूली के चलते अधिशासी अभियंता सहायक अभियंता एवं एक चौकीदार को मुख्यालय से निलंबित किया गया था उसके बाद आवास विकास परिषद के अधिकारी अवैध निर्माण एवं अवैध कब्जेधारकों के खिलाफ कोई अभियान नहीं चला पाए, बीच में फिर एक बार परिषद के अधिकारियों ने अभियान चलाया लेकिन वह अभियान फाइलों में दफन होकर रह गया। शुक्रवार को फिर एक बार आवास विकास परिषद के अधिकारी एक्शन में आ गए और प्रवर्तन दल की टीम के साथ 7 अवैध कब्जेधारकों से परिषद की संपत्तियों को खाली करा कर कब्जे में ले लिया, अलावा इसके कई अवैध निर्माण कर्ताओं के बिजली कनेक्शन को कटवा दिया इससे अवैध कब्जे धारक एवं अवैध निर्माण कर्ताओं में खलबली मच गई है।
शुक्रवार को आवास विकास परिषद के अधीक्षण अभियंता अतुल कुमार के नेतृत्व में अवैध कब्जेधारक एवं अवैध निर्माण कर्ताओं को लेकर परिषद के अधिकारियों ने सिकंदरा योजना में अभियान चलाया। प्रवर्तन दल कर्नल अधिकारी जी एम ख़ान द्वारा बताया गया कि सिकंदरा योजना में व्यापक अभियान चला कर सेक्टर 6 में EWS क्वार्टर 673, 674, 675 एवं 676 तथा सेक्टर 7 में तीन MIG भवन 625, 628 एवं 630 से अवैध कब्जे हटा कर संपत्ति को परिषद के अधिकारियों ने अपने कब्जे में ले लिया । कार्यवाही के दौरान यह भी देखने में आया कि दो भवन जो कि परिषद द्वारा सील किए गए थे सेक्टर 4A में भवन संख्या 727 तथा सेक्टर 7 में भवन संख्या 123 के सम्पत्ति पर स्वामियों द्वारा चोरी छुपे निर्माण किया जा रहा था। उनके विरुद्ध कार्यवाही करते उनके विद्युत कनेक्शन को टोरेंट के सहयोग से कटवाया गया। इसके अतिरिक्त कुछ अवैध कब्ज़ाधारकों द्वारा तार डालकर विद्युत चोरी की जा रही थी उनके भी टोरेंट कंपनी के कर्मचारियों से विद्युत कनेशन कटवाये गए।
अब देखना होगा कि यह अभियान कितने दिन तक कब्जेधारक एवं अवैध निर्माण कर्ताओं के खिलाफ जारी रहेगी फिलहाल परिषद के अधिकारियों ने फिर एक बार अभियान चलाकर अवैध निर्माण कर्ता एवं अवैध कब्जे धारकों में खलबली मचा दी हैl
कार्रवाई के दौरान अधिक्षण अभियंता अतुल कुमार के साथ अधिकारी प्रवर्तन दल कर्नल जी एम ख़ान, अधिशासी अभियंता नवजोत वर्मा, सहायक इंजीनियर संतोष, राहुल निबोरिया तथा प्रवर्तन दल के सदस्य शामिल रहे।
पिछले एक माह से दिए जा रहे थे अवैध निर्माणकर्ताओं एवं अवैध कब्जे धारकों को नोटिस
परिसद के अधिकारियों की माने तो पिछले एक माह से अवैध कब्जे धारक एवं अवैध निर्माण कर्ताओं को लगातार नोटिस दिए जा रहे थे लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही थी वहीं यदि अवैध निर्माण की बात करें तो वह सीलिंग के बाद भी चालू रहता है जिसकी जिम्मेदारी क्षेत्रीय चौकीदार के ऊपर सबसे अहम होती है लेकिन चौकीदार गहरी नींद में सोकर इन अवैध निर्माण को पूरा करवाने में अनदेखी करता है।
18 विद्युत कनेक्शन विच्छेद कार्रवाई
शुक्रवार को कार्रवाई के दौरान सेक्टर 4A में तीन: सम्पत्ति संख्या 206, 207 एवं 208,सेक्टर 8 में आठ: सम्पत्ति संख्या 238, 239, 322, 598, 600, 605 630 एवं 1201,सेक्टर 12C में एक: सम्पत्ति संख्या 131 तथा सेक्टर 16 में छह: सम्पत्ति संख्या 157, 177, 178, 184, 187 एवं 469 कुल 18 विद्युत कनेक्शन विच्छेद कराये गए।
अधिकारियों को नहीं दिखाई दिया यह अवैध निर्माण
सिकंदरा योजना सेक्टर 7 में शुक्रवार को भवन संख्या 123 पर अवैध निर्माण होते पाए जाने के कारण विद्युत कनेक्शन को विच्छेद कराया गया लेकिन पास में ही सीलिंग की कार्रवाई के बाद ही अवैध निर्माण कार्य पूरा होने के बाद अधिकारियों को दिखाई नहीं दिया। इस अवैध निर्माण को धीरे-धीरे पूरा कर दिया गया बल्कि अब एक बड़ा अस्पताल खोलने की इस अवैध बिल्डिंग में तैयारी शुरू हो गई है। शायद क्षेत्रीय चौकीदार ने या तो अधिकारियों को गुमराह कर दिया या फिर इस बिल्डिंग की सीलिंग की कार्रवाई की फाइल कार्यालय से गायब हो गई। फिलहाल यह अवैध निर्माण पुलिस चौकी से सेंट्रल पार्क की ओर जाने वाले रोड पर परिषद के अधिकारियों की ईमानदारी पर सवाल खड़ा कर रहा है।
परिषद के अधिकारी आखिर क्यों बोलते हैं झूठ?
भावना टावर वेलफेयर रेसिडेंट सोसाइटी के द्वारा आईजीआरएस पर भावना क्लार्क इन के स्वामी भगत सिंह बघेल के द्वारा किए गए अवैध निर्माण की शिकायत की गई थी लेकिन इस शिकायत का निस्तारण करते हुए परिषद के निर्माण खंड 2 के अधिशासी अभियंता नवजोत बर्मा ने अपने पत्र संख्या 286 दिनांक 5 जनवरी 2025 के माध्यम से शिकायतकर्ता को जवाब भेजा है जिसमें लिखा है कि बिल्डर द्वारा किए गए अवैध निर्माण को तुड़वा दिया गया है जबकि ऐसा नहीं है । आज भी अवैध निर्माण परिषद के अधिकारियों की पोल खोल रहा है फिलहाल यह मामला बिल्डर के द्वारा न्यायालय में पहुंचा दिया गया है जहां सुनवाई जारी हैl इस जवाब से ऐसा लगता है कि निश्चित ही परिषद के अधिकारी अपने बचाव में कुछ भी झूठ बोल सकते हैं।
पदम प्राईड प्रोजेक्ट में हो रहा अतिक्रमण कब हटेगा?
मैसेज श्री रिद्धि सिद्धि बिल्डवेल लिमिटेड द्वारा पदम प्राईड प्रोजेक्ट बनाया गया था । जिसमें हो रहे अवैध निर्माण की शिकायत शिकायतकर्ता द्वारा आईजीआरएस पर की गई थी । इसके संबंध में निर्माण खंड 2 के अधिशासी अभियंता द्वारा बिल्डर को अपने पत्र संख्या 292- 6 फरवरी 2025 के माध्यम से अवैध निर्माण को हटाने का आदेश दिया है। वही इस पत्र के माध्यम से यह भी बताया गया है कि आपके द्वारा यदि अवैध निर्माण नहीं हटाया गया तो परिषद इस अवैध निर्माण को हटा देगा। लेकिन आज तक यह अवैध निर्माण ना तो बिल्डर द्वारा हटाया गया ना परिषद के अधिकारियों ने हटाया है। जब कि प्रोजेक्ट में हो रहे इस अवैध निर्माण से यहां के निवासियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यहाँ यही कहना सही होगा कि आईजीआरएस की शिकायतों को भी परिषद के अधिकारी लगातार नजरअंदाज कर रहे हैं।
भारतीय हिंदू सेवा संस्था के शिकायत पत्र का क्या हुआ?
पिछले 20 दिसंबर को भारतीय हिंदू सेवा संस्था के अध्यक्ष मनोज अग्रवाल द्वारा सहायक आयुक्त आवास अमित गुप्ता को ज्ञापन देकर कई ऐसे अवैध निर्माण की शिकायत की गई थी जो अवैध निर्माण की श्रेणी में आते हैं । अलावा इसके कुछ भवन तो ऐसे हैं जिनके शासन से कई बार सीलिंग या तोड़ने के आदेश हो चुके हैं लेकिन अधिकारी लेनदेन के चक्कर में बार-बार इन फाइलों को शासन स्तर पर भेज देते हैं । जहां से फिर तोड़ने के आदेश दे दिए जाते हैं । लेकिन आज तक इन बिल्डिंगों के खिलाफ ना तो सीलिंग की कार्रवाई की जा रही है ना इनको तोड़ा जा रहा है । ऐसे में अब संस्था के अध्यक्ष एवं आम जनता पूछने को विवश हो गई है कि शिकायती पत्र का आखिर क्या हुआ?
मुख्यमंत्री यदि संज्ञान लें तो हो सकती है बड़ी कार्रवाई
आवास विकास परिषद आगरा के अधिकारियों द्वारा जो अवैध निर्माण को लेकर काला पीला किया जा रहा है। यदि इन मामलों का संज्ञान प्रदेश के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी ले लें तो निश्चित ही वर्तमान अधिकारियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई हो सकती है। भावना टावर वेलफेयर रेसिडेंट सोसाइटी एवं पदम प्राईड प्रोजेक्ट के शिकायतकर्ता तथा भारतीय हिंदू सेवा संस्थान के अध्यक्ष मनोज अग्रवाल ने कहा है कि वह शीघ्र ही परिषद के अधिकारियों द्वारा शिकायतों को लेकर बरती जा रही लापरवाही को मुख्यमंत्री के संज्ञान में लाने का शीघ्र काम करेंगे। जिसके लिए मुख्यमंत्री से मुलाकात का समय मांगा जा रहा है।