आगरा, फतेहपुर सीकरी, आगरा के थाना फतेहपुर सीकरी क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले जाजऊ गांव में आज उस वक्त हड़कंप मच गया, जब पुलिस ने श्मशान घाट पहुंचकर जलती चिता को बुझाया और एक विवाहिता के शव को अधजली अवस्था में बाहर निकाला। इस पूरी कार्रवाई का नेतृत्व प्रभारी निरीक्षक (SHO) आनंदवीर मलिक ने किया, जिनकी सूझबूझ से एक संभावित जघन्य हत्याकांड के साक्ष्य पूरी तरह नष्ट होने से बच गये।

बुधवार दोपहर करीब 3:30 बजे, किरवाली निवासी निजाम पुत्र अलादद्दीन बदहवास हालत में थाना फतेहपुर सीकरी पहुंचे। उन्होंने प्रभारी निरीक्षक वीर मलिक को सूचना दी कि उनकी 21 वर्षीय पुत्री सना कुरैशी उर्फ मोहिनी (पत्नी अजीत, निवासी जाजऊ) की उसके ससुराल वालों ने हत्या कर दी है। निजाम ने रोते हुए बताया कि आरोपी साक्ष्य मिटाने के इरादे से शव को चुपचाप जलाने के लिए श्मशान ले गए हैं।
SHO आनंदवीर मलिक की त्वरित कार्रवाई

मामले की गंभीरता और समय की कमी को देखते हुए प्रभारी निरीक्षक आनंदवीर मलिक ने बिना एक पल गंवाए एक्शन लिया। उन्होंने शिकायतकर्ता निजाम को तुरंत अपनी थाना मोबाइल (सरकारी जीप) में बैठाया। भारी पुलिस बल के साथ सीधे श्मशान घाट की ओर कूच किया। मौके पर पहुंचते ही देखा कि शव को मुखाग्नि दी जा चुकी थी और आग तेज हो रही थी।

SHO आनंदवीर मलिक ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए पुलिस बल की मदद से जलती चिता को बुझवाया। चिता की आग शांत कर उन्होंने सना उर्फ मोहिनी की बॉडी को सुरक्षित बाहर निकाला। पुलिस की इस अचानक कार्रवाई से मौके पर मौजूद ससुराल पक्ष और अन्य लोगों में खलबली मच गई।

पुलिस ने अधजले शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। वीर मलिक ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल सकेगा। फिलहाल पीड़ित पिता की तहरीर पर मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
