ISRO New Mission: चंद्रयान-3, आदित्य-एल 1 के बाद अब अंतरिक्ष की गुत्थियां सुलझाएगा इसरो, आइये जानें क्या है अगला मिशन

Dharmender Singh Malik
2 Min Read

चंद्रयान-3 को चंद्रमा के साउथ पोल पर सफलतापूर्वक सॉफ्ट लैंडिंग कराने और सूर्य के रहस्यों से पर्दा उठाने के लिए आदित्य-एल 1 को रवाना करने के बाद भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) अब अगले मिशन के लिए तैयार है. जी हां, अब वह अंतरिक्ष की गुत्थियां सुलझाने की कोशिशों में जुटा है.

इसके लिए इसरो जल्द एक्सपोसैट (XPoSat) यानी एक्स-रे पोलारिमीटर सैटेलाइट (X-ray Polarimeter Satellite) को लॉन्च करेगा. यह देश का पहला पोलारिमीटर  सैटेलाइट होगा. यह अंतरिक्ष में एक्स-रे सोर्सेस की स्टडी करेगा.

See also  Monsoon Prediction: इस साल मानसून एक्सप्रेस के देर से आने की भविष्यवाणी

एक्सपोसैट के साथ जाएंगे दो पेलोड

एक्सपोसैट सैटेलाइट मिशन के तहत इसरो विषम परिस्थितियों में खगोलीय एक्स-रे स्रोतों की गतिशीलता का अध्ययन करेगा. स्पेसक्रॉफ्ट के साथ दो पेलोड पृथ्वी की निचली कक्षा में स्थापित किए जाएंगे. इनमें से एक पेलोड POLIX (Polarimeter Instrument in X-rays) होगा.

जो खगोलीय स्रोतों से उत्पन्न होने वाले 8-30 केवी फोटॉन्स के माध्यम एक्स-रे ऊर्जा रेंज को मापेगा. वहीं दूसरा पेलोड XSPECT एक्स-रे फोटोन्स के 0.8-15 केवी माध्यम की एक्स-रे ऊर्जा की स्पेक्ट्रोस्कोपिक जानकारी देगा.

इसरो ने अगस्त और सितंबर में इन मिशन को किया है लॉन्च

आदित्य-एल 1 : चांद के बाद भारत ने सूरज का रुख किया और आदित्य एल-1 लॉन्च किया. 2 सितंबर २०२३ को ये मिशन लॉन्च किया गया. इसका मकसद सूर्य का अध्ययन करना है.

See also  Twitter Blue Tick : ट्विटर पर ब्लू टिक बहाल होने पर फिल्मी सितारे हुइ खुश

चंद्रयान-3 : भारत का मिशन चंद्रयान-3 चांद के दक्षिणी ध्रुव पर 23 अगस्त 2023 को लैंड किया. ऐसा करने वाला भारत दुनिया का पहला देश बना था. इसके विक्रम लैंडर और प्रज्ञान रोवर लगातार चांद की सतह पर रहकर कई प्रयोग कर रहे हैं.

See also  Twitter Blue Tick : ट्विटर पर ब्लू टिक बहाल होने पर फिल्मी सितारे हुइ खुश
Share This Article
Editor in Chief of Agra Bharat Hindi Dainik Newspaper
1 Comment

Leave a Reply

error: AGRABHARAT.COM Copywrite Content.