पंजाब के बठिंडा जिले में एक सीनियर महिला कांस्टेबल अमनदीप कौर को हेरोइन तस्करी में शामिल होने के आरोप में बर्खास्त कर दिया गया है। पुलिस ने उसकी थार गाड़ी से 17.71 ग्राम हेरोइन बरामद की थी, जिसके बाद उसकी गिरफ्तारी हुई थी। अब, पुलिस ने उसकी अवैध संपत्ति की भी जांच शुरू कर दी है, जिसमें महंगी कारें और करोड़ों की संपत्ति शामिल हैं।
हेरोइन तस्करी के खिलाफ त्वरित कार्रवाई
डिप्टी एसपी सिटी-1, हरबंस सिंह ने जानकारी दी कि वर्धमान पुलिस चौकी के इंचार्ज एएसआई मंजीत सिंह और एएनटीएफ की टीम ने बादल रोड पर नाकाबंदी की थी। इस दौरान, धी लाडली चौक की ओर से आ रही एक काले रंग की थार गाड़ी को रुकने का इशारा किया गया। गाड़ी रुकते ही एक युवती बाहर निकली और भागने की कोशिश की, लेकिन पुलिस टीम ने उसे पकड़ लिया। तलाशी के दौरान गाड़ी के गेयर बॉक्स से पॉलीथिन में रखी 17.71 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) बरामद हुई।
अमनदीप कौर की पहचान और गिरफ्तारी
पूछताछ में युवती की पहचान अमनदीप कौर, निवासी चक्क फतेह सिंह वाला के रूप में हुई। अमनदीप कौर पंजाब पुलिस में सीनियर कांस्टेबल थी और वह मानसा में तैनात थी, जबकि बठिंडा पुलिस लाइन से अटैच थी। उसकी गिरफ्तारी के बाद नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (NDPS) एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया।
कांस्टेबल की बर्खास्तगी और संपत्ति की जांच
आईजी हेडक्वार्टर डॉ. सुखचैन सिंह गिल ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान के सख्त निर्देशों के तहत नशा तस्करी में शामिल किसी भी कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए मानसा के एसएसपी भगीरथ मीणा को आर्टिकल 311 के तहत अमनदीप कौर को बर्खास्त करने का आदेश दिया। इसके साथ ही, बठिंडा की एसएसपी अमनीत कोंडल को इस मामले की गहन जांच के निर्देश दिए गए हैं।
आईजी गिल ने बताया कि अमनदीप कौर की अवैध संपत्ति की जांच की जा रही है। इसमें उसकी थार, ऑडी, दो इनोवा, एक बुलेट मोटरसाइकिल, फिरोजपुर रोड पर करीब 2 करोड़ रुपये की कोठी और एक कॉलोनी में लाखों रुपये का प्लॉट शामिल है। यदि यह संपत्ति नशे की कमाई से बनी पाई गई, तो इसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
नशा तस्करी के नेटवर्क का खुलासा
पुलिस सूत्रों के अनुसार, अमनदीप कौर लंबे समय से फिरोजपुर से हेरोइन लाकर तस्करी कर रही थी। उसकी थार गाड़ी पर पंजाब पुलिस का स्टिकर लगा था, ताकि पुलिस नाकों पर उसे रोकने या तलाशी लेने से बच सके। गुरुवार को उसे अदालत में पेश किया गया, जहां से एक दिन का पुलिस रिमांड प्राप्त हुआ। पूछताछ में उसके नशा तस्करी के नेटवर्क और पूर्व में कई पुलिस अधिकारियों से संबंधों का खुलासा होने की संभावना है।