आगरा: गुजरात के अहमदाबाद में एक हृदय विदारक विमान दुर्घटना में जान गंवाने वाले 262 लोगों को आज आगरा के जनमंच ने सिविल कोर्ट परिसर में कैंडल जलाकर श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दुर्घटना में गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी के साथ-साथ आगरा के लवानिया परिवार के एक जोड़े ने भी अपनी जान गंवाई, जिससे आगरा में भी शोक की लहर है।
क्या है अहमदाबाद प्लेन क्रैश मामला?
जानकारी के अनुसार, गुजरात के अहमदाबाद एयरपोर्ट से लंदन जा रही एक फ्लाइट में तकनीकी खराबी आने के कारण अचानक प्लेन क्रैश हो गया। विमान में कुल 242 यात्री सवार थे, जिनमें से 241 की मौके पर ही मृत्यु हो गई। इसके अतिरिक्त, विमान मेडिकल छात्रों की एक बिल्डिंग पर गिरने से वहां भी कुछ छात्रों की असमय मृत्यु हो गई, जिससे कुल मिलाकर 262 लोगों ने इस दुखद घटना में अपने प्राण गंवाए।
आगरा पर वज्रपात और श्रद्धांजलि सभा
जनमंच द्वारा आयोजित श्रद्धांजलि सभा में उपस्थित अधिवक्ताओं ने इस घटना को देश के लिए अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि इस प्लेन क्रैश में न जाने कितने परिवारों ने अपने प्रियजनों को खोया है। आगरा के लवानिया परिवार के इस घटना में प्राण गंवाने से आगरा पर भी वज्रपात हुआ है।
श्रद्धांजलि सभा में अधिवक्ताओं ने परमपिता परमेश्वर से प्रार्थना की कि वे मृतकों की आत्मा को शांति प्रदान करें और परिजनों को यह असीम दुख सहने की शक्ति दें।
जनमंच की सरकार से तीन प्रमुख मांगें
जनमंच ने इस दुखद घटना को लेकर भारत सरकार से तीन प्रमुख मांगें रखीं:
- उच्च स्तरीय जांच: अहमदाबाद एयरपोर्ट पर हुई इस हृदय विदारक घटना की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए, जिससे सही घटना और सही तथ्यों की जानकारी मिल सके।
- दोषियों को कड़ी सजा: यदि घटना का कोई दोषी पाया जाता है, तो उसे कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए।
- उचित मुआवजा: बीमा राशि के अतिरिक्त, केंद्र और राज्य सरकार दोनों को मृतकों के परिजनों को उचित मुआवजा प्रदान किया जाना चाहिए।
कार्यक्रम की अध्यक्षता जनमंच अध्यक्ष चौ. अजय सिंह, दुर्गविजय सिंह भैया, चौ. हरदयाल सिंह और अमर सिंह कमल ने संयुक्त रूप से की, तथा संचालन पवन गुप्ता ने किया।
इस अवसर पर उदयवीर सिंह, सत्येंद्र कुमार यादव, वीरेंद्र फौजदार, इदेश कुमार यादव, जितेंद्र चौहान, गिर्राज रावत, अशोक दीक्षित, अधर शर्मा, विद्याराम बघेल, छोटे लाल, चंद्रभान निर्मल, शिव सिंह राघव, शिव कुमार सैनी, सुरेंद्र कुमार, टी.पी. सिंह, गिर्राज रावत सहित अनेक अधिवक्ता उपस्थित रहे।

