झांसी, उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश के झांसी में एक बेहद भावुक और दुखद घटना सामने आई है। यहाँ एक 35 वर्षीय महिला ने अपनी 17 साल की सहेली के परिवार द्वारा उसे घर ले जाए जाने के दुख में नदी में कूदकर आत्महत्या का प्रयास किया। गनीमत रही कि एक जांबाज पुलिस सिपाही ने अपनी जान जोखिम में डालकर महिला को बचा लिया। इस घटना ने दोस्ती के एक अनोखे और गहरे रिश्ते को उजागर किया है।
क्या है पूरा मामला?
मऊरानीपुर में किराए के मकान में अकेली रह रही 35 वर्षीय सुधा राय की दोस्ती अपने पड़ोसी की 17 वर्षीय रिश्तेदार खुशबू से हुई थी। धीरे-धीरे यह दोस्ती गहरी होती चली गई। सुधा, जो अपने पति की मौत के बाद अकेली थी, खुशबू के साथ दिल्ली चली गई, जहाँ वे दोनों लगभग 8 महीने तक साथ रहीं। कुछ दिन पहले ही वे दोनों वापस मऊरानीपुर लौटकर एक साथ किराए के मकान में रहने लगी थीं।
शुक्रवार की शाम को खुशबू के पिता और भाई उसे खोजते हुए मऊरानीपुर पहुँचे और उसे अपने साथ ले जाने लगे। अपनी सहेली की जुदाई से दुखी सुधा यह सदमा बर्दाश्त नहीं कर पाई और उसने तुरंत पास की सुखनई नदी में छलांग लगा दी।
सिपाही ने दिखाई बहादुरी, बचाई जान
महिला को नदी में कूदते देख वहाँ लोगों की भीड़ जमा हो गई। तुरंत पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुँचे मऊरानीपुर थाने के सिपाही धीरेंद्र सिंह ने बिना देर किए अपनी जान की परवाह न करते हुए नदी में छलांग लगा दी। उन्होंने डूब रही महिला को सुरक्षित बाहर निकाला और उसे इलाज के लिए तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया।
पुलिस के इस साहसिक कार्य की चारों ओर प्रशंसा हो रही है। यह घटना दर्शाती है कि कुछ रिश्ते खून के नहीं, बल्कि भावनाओं के होते हैं, और उनकी गहराई उम्र के बंधन से कहीं ज़्यादा होती है।
