भाजपा के हरिकिशोर तिवारी और सपा के आकाश अग्रवाल के बीच मुकाबला,निर्दलीय जीत की परंपरा छोड़ सपा में गए वर्तमान एमएलसी आकाश अग्रवाल, शिक्षकों के बीच बदलाव को लेकर चर्चा
अग्र भारत संवाददाता ,आगरा। आगरा खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के विधान परिषद सदस्य (एमएलसी) के चुनाव में भाजपा प्रत्याशी हरिकिशोर तिवारी शिक्षकों के हक, सम्मान और हितों के मुद्दे को लेकर मैदान में हैं। वहीं, वर्तमान एमएलसी आकाश अग्रवाल के इस बार समाजवादी पार्टी (सपा) के टिकट पर चुनाव लड़ने से मुकाबले को लेकर शिक्षकों के बीच चर्चा तेज हो गई है। मतदान 23 अक्टूबर को सुबह आठ बजे से शाम चार बजे तक होगा।मतदाता शिक्षकों की बीच भाजपा प्रत्याशी का माहौल बनता नजर आ रहा है।
भाजपा प्रत्याशी हरिकिशोर तिवारी शिक्षक-कर्मचारी नेता के रूप में शिक्षकों के सम्मान, अधिकारों और हितों को प्रमुखता के साथ उठाने का भरोसा कायम कर रहे हैं। शिक्षक समाज की समस्याओं को सदन तक पहुंचाना, शिक्षकों की लंबित मांगों की पैरवी करना, सेवा संबंधी समस्याओं को उठाना और शिक्षा व्यवस्था से जुड़े विषयों पर प्रभावी आवाज बुलंद करना,मानदेय को महंगाई सूचकांक से जोड़ने, कैशलेस उपचार और स्वास्थ्य जांच शिविरों की सुविधा जैसे मुद्दों को शामिल,चुनाव के अहम मुद्दे हैं। शिक्षकों की गरिमा, उनके कार्य के अनुरूप सम्मान और समस्याओं के समाधान के लिए जनप्रतिनिधि की भूमिका भी इस चुनाव में महत्वपूर्ण मानी जा रही है। भाजपा ने हरिकिशोर तिवारी को प्रत्याशी बनाकर शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में मुकाबले को रोचक बना दिया है।शिक्षक एमएलसी का चुनाव केवल किसी प्रत्याशी को चुनने तक सीमित नहीं है,।ऐसे में शिक्षकों की नजर भाजपा प्रत्याशी हरिकिशोर तिवारी और उनके मुद्दों को प्राथमिकता दे रही है और उनकी आवाज को प्रभावी ढंग से सदन तक पहुंचाने का भरोसा दिला रही है।
निर्दलीय जीत के बाद सपा से मैदान में आकाश अग्रवाल शिक्षकों में बदलाव की चर्चा,वर्तमान एमएलसी आकाश अग्रवाल पिछले दो चुनावों में निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में जीत दर्ज करते रहे हैं। इस बार उन्होंने सपा का दामन थामकर चुनाव मैदान में उतरने का फैसला किया है। उनके इस राजनीतिक बदलाव को लेकर शिक्षक वर्ग में तरह तरह की चर्चा है। कुछ शिक्षकों के बीच यह सवाल उठ रहा है कि निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में उन पर जताया गया भरोसा क्या दलगत पहचान बदलने के बाद भी कायम रहेगा?ऐसे में कुछ शिक्षकों के बीच चर्चा है कहीं सपा का दामन थामना वर्तमान एमएलसी को चर्चा में दिख रहे बदलते रुख भारी न पड़ जाएं! हालांकि, इस चर्चा का चुनाव परिणाम पर क्या असर पड़ेगा, यह मतदान के बाद ही स्पष्ट होगा। फिलहाल भाजपा प्रत्याशी हरिकिशोर तिवारी और वर्तमान एमएलसी आकाश अग्रवाल के बीच मुकाबले में शिक्षकों का रुख अहम माना जा रहा है।
