किसानों का आरोप- लाइन ठीक कराने के नाम पर मांगे जा रहे रुपये, सिंचाई ठप
जैथरा (एटा)। विद्युत उपकेंद्र जैथरा के अंतर्गत आने वाले चार गांवों में पिछले पांच दिनों से किसानों को मिलने वाली कृषि विद्युत आपूर्ति पूरी तरह ठप है। इससे धान और बाजरा समेत अन्य फसलों की सिंचाई रुक गई है और सैकड़ों बीघा फसल सूखने की आशंका बनी हुई है। परेशान किसानों ने आरोप लगाया है कि लाइनमैन बिजली आपूर्ति सुचारु कराने के बदले रुपये की मांग कर रहा है। वहीं, लगातार आपूर्ति ठप रहने से ग्रामीणों में बिजली विभाग के खिलाफ नाराजगी बढ़ती जा रही है।
प्रभावित गांवों में नगला प्रेमी, नौगजा, नगला बेनी और कछियाबाड़ा शामिल हैं। किसानों का कहना है कि पिछले पांच दिनों से खेतों में लगे ट्यूबवेल बंद पड़े हैं। कई बार बिजली विभाग के कर्मचारियों से शिकायत करने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हुआ।
ग्रामीणों का आरोप है कि लाइन में आई खराबी को ठीक कराने के लिए लाइनमैन रुपये मांग रहा है। किसानों का कहना है कि यदि समय रहते बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हुई तो उनकी मेहनत पर पानी फिर जाएगा और फसल उत्पादन पर बड़ा असर पड़ेगा।
नगला प्रेमी के किसानों ने बताया कि इस समय धान की फसल को सिंचाई की सबसे अधिक जरूरत है, लेकिन बिजली न मिलने से खेतों में दरारें पड़ने लगी हैं। नौगजा और कछियाबाड़ा के किसानों ने कहा कि उन्होंने कई बार जेई को फोन कर समस्या बताई, लेकिन केवल आश्वासन ही मिला।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द बिजली आपूर्ति बहाल नहीं की गई और रुपये मांगने के आरोप की जांच नहीं हुई तो वे विद्युत उपकेंद्र पर प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
किसानों ने मांग की है कि सभी गांवों की विद्युत आपूर्ति तत्काल बहाल की जाए, लाइन में आई खराबी को प्राथमिकता के आधार पर ठीक कराया जाए और रुपये मांगने के आरोप की निष्पक्ष जांच कर दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।
